मेरे ख्याल से मरने के बाद अंतिम संस्कार और शादी को पाणिग्रहण संस्कार
नामकरण में गरबर है ..........
मरने के बाद सारे किये कराये पर पानी फिर जाता है तो इसका नाम पाणिग्रहण क्यों नहीं रखा ?????????????? ,,,,,,,,,,
मरने के बाद सारे किये कराये पर पानी फिर जाता है तो इसका नाम पाणिग्रहण क्यों नहीं रखा ?????????????? ,,,,,,,,,,
जबकि शादी के मंडप में जींस पहनने वाली लड़की को साडी में , नज़रे झुकाए लड़के को संस्कारी रूप में पहली और आखरी बार देखा जा सकता है / जस्ट इमेजन अगर लड़की शादी के पहले मां बन जाय, मगर शादी के बाद ठीक है , कुछ लोग तो शादी के बाद मां बाप को छोड़ कर अलग दुनिया बना लेते है ,.........
शादी के बाद कोई हरकत तो संस्कारो वाली होती नहीं फिर इसका नाम अंतिम संस्कार क्यों नहीं रखा ???????????????
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