Friday, 10 May 2013

पति पत्नी के कुछ बाते और उसका मतलब



पति पत्नी के रिस्तो में कभी कभी पति ज़्यादा ही प्यार उंडेलने लगते हैं।कुछ ऐसी प्रेम भरी बातें कहते हैं,उनके मुख से कभी सुनी नहीं होती है। पत्निया सोचती है कि हाय! क्या सचमुच? पर वो वास्तव में कहना नहीं चाहते । और वो जो कहना चाहते हैं, वो नहीं कहते ।वो जो कहते हैं, उनमें वो जो कहना चाहते हैं, वो छुपा रहता है। कुछ ऐसे ही उदाहरण आपके सामने हैं।

कथन - "प्रिये, आज क्या मैं खाना बनाने में तुम्हारी मदद कर दूँ?
मतलब -"खाना आख़िरकार अभी तक क्यों नहीं बना?"

कथन - किसी प्रश्न पर जब कहते हैं,"यार इसके पीछे लंबी चौड़ी कहानी है।"
मतलब -" इस बारे नहीं पता।" या बताना नहीं ,

कथन -"प्रिये, ज़रा आराम कर लो, ये क्या। दिन भर काम ही काम?"
मतलब - खट- खुट बंद करो आराम करने दो ,

कथन - किसी लंबी चर्चा पर जब कहे "वाह यार क्या मज़ेदार बात बताई।"
मतलब -"यार अब बस बंद करो।

कथन -देखो तुम्हारे लिए यह साड़ी ले आया।"
मतलब -साड़ी दिखाने वाली सेल्स गर्ल क्या क़यामत थी। अब अगर मैं कुछ न लेता तो उसकी तो तौहीन थी ना।"

कथन -"आओ ये काम हम मिलजुल कर करें।"
मतलब -"मैं पसारा करूँगा तो उसे समेटने के लिए तुम्हारी ज़रूरत तो होगी ही ना।"

कथन - "मुझे तेरी बहुत याद आई।"
मतलब - बहुत ज़ोर की भूख लग रही थी।"

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